बच्चों की पुण्य स्मृति में रक्तदान शिविर का आयोजन, पिता प्रेम भारत ने 41वीं बार रक्तदान कर पेश की मिसाल
Updated: Jan 3, 2026, 21:27 IST
जैसलमेर।कैलाश बिस्सा। राजकीय जवाहर चिकित्सालय में स्व. हीरो और स्व. तमन्ना की पुण्यतिथि के अवसर पर एक विशाल स्वैच्छिक रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया, जिसमें समाज सेवा और मानवता की अनूठी मिसाल देखने को मिली। कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ उपस्थित अतिथियों एवं परिजनों द्वारा दिवंगत पुण्य आत्माओं के चित्र पर पुष्प अर्पित कर और उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि देकर किया गया। इस भावुक क्षण में उपस्थित सभी लोगों ने बच्चों की स्मृति को नमन किया और सेवा कार्यों के माध्यम से उन्हें याद किया।
इस विशेष अवसर पर जैसलमेर के प्रथम युवक देहदान संकल्प कर्ता और बच्चों के पिता प्रेम भारत ने स्वयं 41वीं बार रक्तदान कर शिविर की शुरुआत की। युवाओं को प्रेरित करते हुए प्रेम भारत ने कहा कि हमारे द्वारा किया गया रक्तदान किसी परिवार के बुझते चिराग को बचा सकता है। उन्होंने जोर देकर कहा कि रक्तदान से बड़ा कोई दान नहीं है और समाज के हर स्वस्थ युवा को नियमित अंतराल पर रक्तदान का संकल्प लेना चाहिए ताकि रक्त के अभाव में किसी का जीवन न थमे। उल्लेखनीय है कि प्रेम भारत केवल स्वास्थ्य ही नहीं बल्कि शिक्षा के क्षेत्र में भी अग्रणी भूमिका निभा रहे हैं। हाल ही में उन्होंने बच्चों की जन्म जयंती के उपलक्ष्य में राजकीय विद्यालय (मेघवाल वास) के मुख्य द्वार का निर्माण करवाकर शिक्षा के प्रति अपनी अटूट प्रतिबद्धता दर्शाई थी।
शिविर के दौरान जनसेवक उमेद सिंह तंवर, डॉ. रविंद्र साक्ला, रुगदान , मुकेश बारूपाल, असरफ शाह हयात मेहर, भादरसिंह राजपुरोहित,रमेश बालोच, विक्रम, मंगेश सिंह, प्रकाश परिहार, अभिषेक और राजू जैसे कई प्रबुद्ध नागरिकों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। माता संयोगिता के साथ-साथ परिवार के अन्य सदस्यों ने रक्तदाताओं का उत्साहवर्धन किया। शिविर में रक्त देने वालों का तांता लगा रहा, जिसमें नितेश, डॉ. ममता, भावना, प्रदीप सिंह, विक्रम लीलावत, हैदर शाह, आदित्य कुमार, रेहान, मुकेश देवपाल, धर्मेंद्र बेगड, अशोक कुमार, अरविंद सोलंकी, दीपाराम, डूंगर जयपाल, भागीरथ जयपाल, दिनेश कुमार, हरीश देवपाल, दलपत कुमार, राहुल इंबखिया, चिरंजीवी बामनिया, किशोर कुमार, रामलाल, रेवताराम, दिव्यांश व्यास, राजेश , अखेराज और पंकज सहित दर्जनों युवाओं ने उत्साहपूर्वक रक्तदान किया।
कार्यक्रम के अंत में प्रेम भारत और उनके परिवार ने शिविर में पधारे सभी रक्तदाताओं, गणमान्य अतिथियों और जिला अस्पताल की रक्तकोष टीम का हृदय से आभार व्यक्त किया। परिवार ने बताया कि बच्चों की हर पुण्यतिथि और जन्म जयंती पर इसी प्रकार सेवा कार्यों और रक्तदान शिविरों का आयोजन किया जाता रहेगा ताकि समाज में सकारात्मक संदेश जा सके और जरूरतमंदों की मदद हो सके।
इस विशेष अवसर पर जैसलमेर के प्रथम युवक देहदान संकल्प कर्ता और बच्चों के पिता प्रेम भारत ने स्वयं 41वीं बार रक्तदान कर शिविर की शुरुआत की। युवाओं को प्रेरित करते हुए प्रेम भारत ने कहा कि हमारे द्वारा किया गया रक्तदान किसी परिवार के बुझते चिराग को बचा सकता है। उन्होंने जोर देकर कहा कि रक्तदान से बड़ा कोई दान नहीं है और समाज के हर स्वस्थ युवा को नियमित अंतराल पर रक्तदान का संकल्प लेना चाहिए ताकि रक्त के अभाव में किसी का जीवन न थमे। उल्लेखनीय है कि प्रेम भारत केवल स्वास्थ्य ही नहीं बल्कि शिक्षा के क्षेत्र में भी अग्रणी भूमिका निभा रहे हैं। हाल ही में उन्होंने बच्चों की जन्म जयंती के उपलक्ष्य में राजकीय विद्यालय (मेघवाल वास) के मुख्य द्वार का निर्माण करवाकर शिक्षा के प्रति अपनी अटूट प्रतिबद्धता दर्शाई थी।
शिविर के दौरान जनसेवक उमेद सिंह तंवर, डॉ. रविंद्र साक्ला, रुगदान , मुकेश बारूपाल, असरफ शाह हयात मेहर, भादरसिंह राजपुरोहित,रमेश बालोच, विक्रम, मंगेश सिंह, प्रकाश परिहार, अभिषेक और राजू जैसे कई प्रबुद्ध नागरिकों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। माता संयोगिता के साथ-साथ परिवार के अन्य सदस्यों ने रक्तदाताओं का उत्साहवर्धन किया। शिविर में रक्त देने वालों का तांता लगा रहा, जिसमें नितेश, डॉ. ममता, भावना, प्रदीप सिंह, विक्रम लीलावत, हैदर शाह, आदित्य कुमार, रेहान, मुकेश देवपाल, धर्मेंद्र बेगड, अशोक कुमार, अरविंद सोलंकी, दीपाराम, डूंगर जयपाल, भागीरथ जयपाल, दिनेश कुमार, हरीश देवपाल, दलपत कुमार, राहुल इंबखिया, चिरंजीवी बामनिया, किशोर कुमार, रामलाल, रेवताराम, दिव्यांश व्यास, राजेश , अखेराज और पंकज सहित दर्जनों युवाओं ने उत्साहपूर्वक रक्तदान किया।
कार्यक्रम के अंत में प्रेम भारत और उनके परिवार ने शिविर में पधारे सभी रक्तदाताओं, गणमान्य अतिथियों और जिला अस्पताल की रक्तकोष टीम का हृदय से आभार व्यक्त किया। परिवार ने बताया कि बच्चों की हर पुण्यतिथि और जन्म जयंती पर इसी प्रकार सेवा कार्यों और रक्तदान शिविरों का आयोजन किया जाता रहेगा ताकि समाज में सकारात्मक संदेश जा सके और जरूरतमंदों की मदद हो सके।