कांजी हाऊस में नन्दी,गाय और बछड़ो के लिए सब्जियां अर्पित की
बीकानेर।मानव चेतना जागृति प्रन्यास के तत्वावधान में बीकानेर के बहुआयामी, समग्र एवं समूहमुखी विकास कल्याण के लिए निर्धारित पांच संकल्पों की पूर्ति के क्रम में शनिवार को नगर निगम के कांजी हाउस परिसर में एक संवेदनशील व प्रेरणादायी कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अवसर पर कांजी हाउस में संरक्षित नंदी गायों व बछड़ों के लिए 2300 किलो सब्जियां प्रसाद स्वरूप अर्पित की गईं।
कार्यक्रम में प्रमुख रूप से गायत्री देवी जोशी, समाजसेविका श्रीमती रितु मित्तल, डॉ. बीडी कल्ला, श्री लीलाधर जी सहित अनेक गणमान्यजनों ने योगदान दिया। वहीं श्री लीलाधर जी खत्री के संयोजन में 108 हनुमान चालीसा पाठ का सामूहिक आयोजन भी किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पूर्व शिक्षा मंत्री डॉ. बीडी कल्ला एवं श्री यशपाल जी गहलोत रहे। उन्होंने कांजी हाउस की वस्तुस्थिति की जानकारी लेते हुए बंदी नंदियों को स्वतंत्र विचरण का अवसर दिलाने के लिए हरसंभव प्रयास करने का आश्वासन दिया।
इस अवसर पर कांजी हाउस व्यवस्था के संचालक श्री दीपक जी सोलंकी ने मांग रखी कि परिसर में घास उगाने की अनुमति दी जाए तथा नंदियों के स्वतंत्र विचरण हेतु स्थायी व्यवस्था की जाए। उन्होंने कहा कि “जीव मात्र का स्वभाव स्वतंत्रता है, उन्हें एक परकोटे में बांधकर रखना बड़ी हिंसा के समान है।”
कार्यक्रम में सनातन धर्म मर्मज्ञ श्री युगल नारायण जी रंगा, संगीतकार श्री दामोदर जी तंवर, श्री सिद्धार्थ जोशी, प्रसिद्ध ज्योतिषाचार्य श्री कमलनाथ आचार्य, गिरजा शंकर आचार्य, श्री नवरत्न जोशी सहित अनेक विशिष्टजन उपस्थित रहे। प्रभा किराडू ने भी हनुमान चालीसा पाठ कर बेजुबान जीवों को कष्ट न देने की प्रार्थना की।
मानव चेतना जागृति प्रन्यास की ओर से श्री विजय कपूर ने सभी सहयोगियों का आभार व्यक्त किया, जबकि आचार्य राजेंद्र जोशी ने बीकानेर को जोड़ते हुए पांचों संकल्पों के माध्यम से सकारात्मक ऊर्जा को सही दिशा में प्रवाहित करने की प्रार्थना की।
उल्लेखनीय है कि मई 2025 में परम पूज्य स्वामी विमर्शनंद जी ने महाराजा गंगा सिंह विश्वविद्यालय के कुलपति के साथ इस कांजी हाउस का निरीक्षण किया था, जहां उन्होंने नंदी महाराज की दुर्दशा का अनुभव किया। इसके बाद से निरंतर धर्म एवं कर्म यज्ञ चल रहा है, जिसका एकमात्र उद्देश्य नंदी महाराज को भयमुक्त जीवन शैली प्रदान करना है।
बीकानेर के धर्मस्वरूप परम पूज्य जुगल किशोर जी ओझा (पुजारी बाबा) भी इस अभियान से जुड़े हैं। उन्होंने इस अभियान संबंधी पोस्ट का विमोचन किया तथा आगामी कार्यक्रमों को गायत्री भवन में आयोजित करने की घोषणा की।

